इसका कारण पुरुष का इन गुणों से शून्य हो जाना है।'
मिर्जा साहब ने आ कर मेहता को गोद में उठा लिया और बोले - मुबारक!
मेहता ने प्रश्न की आँखों से देखा - आपको मेरी तकरीर पसंद आई?
'तकरीर तो खैर जैसी थी वैसी थी, मगर कामयाब खूब रही। आपने परी को शीशे में उतार लिया। अपनी तकदीर सराहिए कि जिसने आज तक किसी को मुँह नहीं लगाया, वह आपका कलमा पढ़ रही है।'
मिसेज खन्ना दबी जबान से बोलीं - जब नशा ठहर जाय, तो कहिए।
मेहता ने विरक्त
इसका कारण पुरुष का इन गुणों से शून्य हो जाना है।'
मिर्जा साहब ने आ कर मेहता को गोद में उठा लिया और बोले - मुबारक!
मेहता ने प्रश्न की आँखों से देखा - आपको मेरी तकरीर पसंद आई?
'तकरीर तो खैर जैसी थी वैसी थी, मगर कामयाब खूब रही। आपने परी को शीशे में उतार लिया। अपनी तकदीर सराहिए कि जिसने आज तक किसी को मुँह नहीं लगाया, वह आपका कलमा पढ़ रही है।'
मिसेज खन्ना दबी जबान से बोलीं - जब नशा ठहर जाय, तो कहिए।
मेहता ने विरक्त