लेकिन मर्यादा कैसे तोड़े, सबकी आँखों में हेठा कैसे बने!
सहसा वह उठ बैठा। क्यों मर्यादा की गुलामी करे? मर्यादा के पीछे आरती का पुण्य क्यों छोड़े? लोग हँसेंगे, हँस लें। उसे परवा नहीं है। भगवान उसे कुकर्म से बचाए रखें, और वह कुछ नहीं चाहता।
वह ठाकुर के घर की ओर चल पड़ा।
भाग 18
खन्ना और गोविंदी में नहीं पटती। क्यों नहीं पटती, यह बताना कठिन है। ज्योतिष के हिसाब से उनके ग्रहों में कोई विरोध है, हालाँकि विवाह के समय
लेकिन मर्यादा कैसे तोड़े, सबकी आँखों में हेठा कैसे बने!
सहसा वह उठ बैठा। क्यों मर्यादा की गुलामी करे? मर्यादा के पीछे आरती का पुण्य क्यों छोड़े? लोग हँसेंगे, हँस लें। उसे परवा नहीं है। भगवान उसे कुकर्म से बचाए रखें, और वह कुछ नहीं चाहता।
वह ठाकुर के घर की ओर चल पड़ा।
भाग 18
खन्ना और गोविंदी में नहीं पटती। क्यों नहीं पटती, यह बताना कठिन है। ज्योतिष के हिसाब से उनके ग्रहों में कोई विरोध है, हालाँकि विवाह के समय