में धर्म की व्याख्या हो गई। जो कोई भी अंगे्रजों के यहां रहेगा उसका तत्काल जाति बहिष्कार होने लगा। उसकी पगत में कोई बैठेगा नहीं-उससे विवाह कोई करेगा नहीं। उसके यहां पूजा के लिए ब्राह्यण नहीं आएगा। सबसे बड़ी और सबसे अपमानजनक गाली हो गई-‘फिरंगियों का नौकर’।
एक अंगे्रजी लेखक कहता-‘‘सरकारी कर्मचारियों में हम यदि व्रिदोहियों की सूची तैयार करने लग जाएं तो संभवतः विद्रोही प्रदेशों के सथी कर्मचारियों के नाम
में धर्म की व्याख्या हो गई। जो कोई भी अंगे्रजों के यहां रहेगा उसका तत्काल जाति बहिष्कार होने लगा। उसकी पगत में कोई बैठेगा नहीं-उससे विवाह कोई करेगा नहीं। उसके यहां पूजा के लिए ब्राह्यण नहीं आएगा। सबसे बड़ी और सबसे अपमानजनक गाली हो गई-‘फिरंगियों का नौकर’।
एक अंगे्रजी लेखक कहता-‘‘सरकारी कर्मचारियों में हम यदि व्रिदोहियों की सूची तैयार करने लग जाएं तो संभवतः विद्रोही प्रदेशों के सथी कर्मचारियों के नाम