1857 का स्वातंत्र्य समर - 1857 Ka Svatantrya Samar

लखनऊ के मौलवी, झांसी की बिजली छबीली आदि धुरंधर उस्तादों ने उस पक्षी की कैसे पकड़ की, वह सब हे इतिहास! अब तू हमें बता। उस गरूड़ पक्षी को पकड़े रखने की दृढ़ता हिंद भूमि के सब हाथों में न होने के कारण वह गरूड़ आकाश में कैसे उड़ गया, हे इतिहास! यह तू हमें बता। तू हमारे साथ पहले वर्ग के स्तुति गीत गा और दूसरे वर्ग के लिए हमारे साथ-साथ आक्रोश करने लग!


1857 का स्वातंत्र्य समर - 139

प्रकरण-5

अलीगढ़ और नसीराबाद


624 of 2102

लखनऊ के मौलवी, झांसी की बिजली छबीली आदि धुरंधर उस्तादों ने उस पक्षी की कैसे पकड़ की, वह सब हे इतिहास! अब तू हमें बता। उस गरूड़ पक्षी को पकड़े रखने की दृढ़ता हिंद भूमि के सब हाथों में न होने के कारण वह गरूड़ आकाश में कैसे उड़ गया, हे इतिहास! यह तू हमें बता। तू हमारे साथ पहले वर्ग के स्तुति गीत गा और दूसरे वर्ग के लिए हमारे साथ-साथ आक्रोश करने लग!


1857 का स्वातंत्र्य समर - 139

प्रकरण-5

अलीगढ़ और नसीराबाद


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