सारे अंगे्रज लोग अपनी उस चारदीवारी के किले में जाकर और तोपें तानकार बैठ गए। उनके पुरूष, महिला, बच्चे मिलकर संख्या कोई 1,000 थी। वह किला जीतना सबसे पहला कर्तव्य था, अतः श्रीमंत नाना ने सारी सेना को उधर चलने का आदेश दिया। विप्लवी उनपर हमला करेंगे, यह विश्वास अंगे्रजों को न था। परंतु 6 जून की भोर में एक चिट्ठी सर व्हीलर को मिली। वह चिट्ठी श्रीमंत नाना ने ही भेजी थी और वह ऐसी थी-‘‘हम जल्दी ही आक्रमण करने वाले हैं,
सारे अंगे्रज लोग अपनी उस चारदीवारी के किले में जाकर और तोपें तानकार बैठ गए। उनके पुरूष, महिला, बच्चे मिलकर संख्या कोई 1,000 थी। वह किला जीतना सबसे पहला कर्तव्य था, अतः श्रीमंत नाना ने सारी सेना को उधर चलने का आदेश दिया। विप्लवी उनपर हमला करेंगे, यह विश्वास अंगे्रजों को न था। परंतु 6 जून की भोर में एक चिट्ठी सर व्हीलर को मिली। वह चिट्ठी श्रीमंत नाना ने ही भेजी थी और वह ऐसी थी-‘‘हम जल्दी ही आक्रमण करने वाले हैं,