गोबर ने जम्हाई ले कर कहा - उन्होंने तुम्हारी गुलामी नहीं लिखी है। जब तक इच्छा थी, काम किया। अब नहीं इच्छा, नहीं करेंगे। इसमें कोई जबर्दस्ती नहीं कर सकता।
'तो होरी काम नहीं करेंगे?'
'ना!'
'तो हमारे रुपए सूद समेत दे दो। तीन साल का सूद होता है सौ रूपया। असल मिला कर दो सौ होते हैं। हमने समझा था, तीन रुपए महीने सूद में कटते जाएँगे, लेकिन तुम्हारी इच्छा नहीं है, तो मत करो। मेरे रुपए दे दो। धन्ना सेठ बनते हो, तो धन्ना सेठ का काम करो।
गोबर ने जम्हाई ले कर कहा - उन्होंने तुम्हारी गुलामी नहीं लिखी है। जब तक इच्छा थी, काम किया। अब नहीं इच्छा, नहीं करेंगे। इसमें कोई जबर्दस्ती नहीं कर सकता।
'तो होरी काम नहीं करेंगे?'
'ना!'
'तो हमारे रुपए सूद समेत दे दो। तीन साल का सूद होता है सौ रूपया। असल मिला कर दो सौ होते हैं। हमने समझा था, तीन रुपए महीने सूद में कटते जाएँगे, लेकिन तुम्हारी इच्छा नहीं है, तो मत करो। मेरे रुपए दे दो। धन्ना सेठ बनते हो, तो धन्ना सेठ का काम करो।