कहा - फिलासफर किसी की बात का बुरा नहीं मानते। उनकी यही सिफत है।
'तो सुनिए, फिलासफर हमेशा मुर्दा-दिल होते हैं, जब देखिए, अपने विचारों में मगन बैठे हैं। आपकी तरफ ताकेंगे, मगर आपको देखेंगे नहीं, आप उनसे बातें किए जायँ, कुछ सुनेंगे नहीं, जैसे शून्य में उड़ रहे हों।'
सब लोगों ने कहकहा मारा। मिस्टर मेहता जैसे जमीन में गड़ गए।
'आक्सफोर्ड में मेरे फिलासफी के प्रोफेसर हसबेंड थे!'
खन्ना ने टोका - नाम तो निराला है।
'जी हाँ, और थे क्वाँरे...
कहा - फिलासफर किसी की बात का बुरा नहीं मानते। उनकी यही सिफत है।
'तो सुनिए, फिलासफर हमेशा मुर्दा-दिल होते हैं, जब देखिए, अपने विचारों में मगन बैठे हैं। आपकी तरफ ताकेंगे, मगर आपको देखेंगे नहीं, आप उनसे बातें किए जायँ, कुछ सुनेंगे नहीं, जैसे शून्य में उड़ रहे हों।'
सब लोगों ने कहकहा मारा। मिस्टर मेहता जैसे जमीन में गड़ गए।
'आक्सफोर्ड में मेरे फिलासफी के प्रोफेसर हसबेंड थे!'
खन्ना ने टोका - नाम तो निराला है।
'जी हाँ, और थे क्वाँरे...