चिंता में डूबे अंगे्रजों को पंजाब से नई कुमुक मिले बिना एक कदम भी आगे बढ़ना असंभव हो गया और ऐसी बाधा को बढ़ाने के लिए 23 जून, 1857 का दिन उदय हुआ।
23 जून, 1857-प्लासी की लड़ाई के सौ वर्ष पूरे करनेवाला दिन। सौ वर्ष पूर्व ठीक इसी दिन रणनीति के जुए में प्लासी के रणक्षेत्र पर हिंदुस्थान का पासा उलटा पड़ा था। नए-नए अपमान, नई-नई मानहानि में बढ़ोतरी होते-होते सौ वर्ष पूरे हो गए। इस सौ वर्ष में जमा हुए अपमान का प्रतिशोध लेने,
चिंता में डूबे अंगे्रजों को पंजाब से नई कुमुक मिले बिना एक कदम भी आगे बढ़ना असंभव हो गया और ऐसी बाधा को बढ़ाने के लिए 23 जून, 1857 का दिन उदय हुआ।
23 जून, 1857-प्लासी की लड़ाई के सौ वर्ष पूरे करनेवाला दिन। सौ वर्ष पूर्व ठीक इसी दिन रणनीति के जुए में प्लासी के रणक्षेत्र पर हिंदुस्थान का पासा उलटा पड़ा था। नए-नए अपमान, नई-नई मानहानि में बढ़ोतरी होते-होते सौ वर्ष पूरे हो गए। इस सौ वर्ष में जमा हुए अपमान का प्रतिशोध लेने,