बहुत बुरा लगने से पटना शहर ने अंगे्रजी राज पलट देने के लिए गुप्त समिति बनाई हुई थी। इस गुप्त समिति में बड़े-बड़े श्रीमान, व्यापारी, कोठीवाले, जमींदार आदि लोग सम्मिलित थे जिसके फलस्वरूप राज्य क्रांति का कार्य सिद्ध करने के लिए उस समिति के प्रमुख थे और उनके प्रयासों को धर्म की पवित्रता और गंभीरता प्राप्त हो गई थी। लखनऊ की क्रांति समिति और दानापुर आदि शहर में रह रहे सिपाहियों की
1857 का स्वातंत्र्य समर - 259
बहुत बुरा लगने से पटना शहर ने अंगे्रजी राज पलट देने के लिए गुप्त समिति बनाई हुई थी। इस गुप्त समिति में बड़े-बड़े श्रीमान, व्यापारी, कोठीवाले, जमींदार आदि लोग सम्मिलित थे जिसके फलस्वरूप राज्य क्रांति का कार्य सिद्ध करने के लिए उस समिति के प्रमुख थे और उनके प्रयासों को धर्म की पवित्रता और गंभीरता प्राप्त हो गई थी। लखनऊ की क्रांति समिति और दानापुर आदि शहर में रह रहे सिपाहियों की
1857 का स्वातंत्र्य समर - 259