स्थान बनाकर ही व्हीलर चुप नहीं बैठा और उसने लखनऊ में सर हेनरी लाॅरेंस ही सहायता के लिए चिल्ला रहा था। फिर भी उसने चैरासी गोरे सोल्जर, लेफ्टिनेंट अॅशे के नेतृत्व में गोरा तोपखाना और कुछ घुड़सवार-इतनी सेना कानपुर की ओर तुरंत भेजी।
अंगे्रज लोगों की सुरक्षा के लिए सर व्हीलर ने ये दो उपाय किए, यह कोई विशेष बात नहीं थी। परंतु अंगे्रजी के हिंदुस्थानी शासन पर आया यह संकट टालने के लिए उसने जिस तीसरी युक्ति की योजना की थी,
स्थान बनाकर ही व्हीलर चुप नहीं बैठा और उसने लखनऊ में सर हेनरी लाॅरेंस ही सहायता के लिए चिल्ला रहा था। फिर भी उसने चैरासी गोरे सोल्जर, लेफ्टिनेंट अॅशे के नेतृत्व में गोरा तोपखाना और कुछ घुड़सवार-इतनी सेना कानपुर की ओर तुरंत भेजी।
अंगे्रज लोगों की सुरक्षा के लिए सर व्हीलर ने ये दो उपाय किए, यह कोई विशेष बात नहीं थी। परंतु अंगे्रजी के हिंदुस्थानी शासन पर आया यह संकट टालने के लिए उसने जिस तीसरी युक्ति की योजना की थी,