की स्वतंत्रता को सुरक्षित करती है। हमें वह अत्युत्तम ऊर्जा प्रदान करो, वह साहस व गोपनीयता प्रदान करो, जिसके बल पर आपने शक्तिशाली ज्वालामुखी को संगठित किया; हमें उस ज्वालामुखीय लावा के दर्शन कराओ, जो पतली व हरी पर्पटी के नीचे दबा है, जिस पर शत्रु को झूठी सुरक्षा के भ्रम में रखा जा सकता है। हमें बताओ कि किस प्रकार भारत के भयावह विरोध की प्रतीक चपाती गांव-गांव और घाटी-घाटी घूमी थी, जिसने राष्ट्र की समूची
की स्वतंत्रता को सुरक्षित करती है। हमें वह अत्युत्तम ऊर्जा प्रदान करो, वह साहस व गोपनीयता प्रदान करो, जिसके बल पर आपने शक्तिशाली ज्वालामुखी को संगठित किया; हमें उस ज्वालामुखीय लावा के दर्शन कराओ, जो पतली व हरी पर्पटी के नीचे दबा है, जिस पर शत्रु को झूठी सुरक्षा के भ्रम में रखा जा सकता है। हमें बताओ कि किस प्रकार भारत के भयावह विरोध की प्रतीक चपाती गांव-गांव और घाटी-घाटी घूमी थी, जिसने राष्ट्र की समूची