उसने लेखनी पकड़ी और राज्य क्रांतिकारक लेखों को वह सारे अवध प्रांत में फैलाने लगा। एक हाथ में तलवार और एक हाथ में लेखनी! ऐसे लोकोŸार पुरूष के तेज से स्वराज्य की ज्वाला भड़कने लगी है-यह देखकर अंगे्रजों ने उसे पकड़ने का आदेश जारी किया। परंतु अवध की पुलिस ने उस लोकनाथ को नहीं पकड़ा। तब सेना भेजकर उसे पकड़ा गया। राजद्रोह का आरोप लगाकर उसकी छानबीन की गई और उसे फांसी का दंड देकर फैजाबाद के कारावास में रखा गया।
उसने लेखनी पकड़ी और राज्य क्रांतिकारक लेखों को वह सारे अवध प्रांत में फैलाने लगा। एक हाथ में तलवार और एक हाथ में लेखनी! ऐसे लोकोŸार पुरूष के तेज से स्वराज्य की ज्वाला भड़कने लगी है-यह देखकर अंगे्रजों ने उसे पकड़ने का आदेश जारी किया। परंतु अवध की पुलिस ने उस लोकनाथ को नहीं पकड़ा। तब सेना भेजकर उसे पकड़ा गया। राजद्रोह का आरोप लगाकर उसकी छानबीन की गई और उसे फांसी का दंड देकर फैजाबाद के कारावास में रखा गया।