उसके साथ किस फल की तुलना हो सकती है? यद्यपि वह स्थान भूमध्य रेखा से बहुत निकट है, फिर भी मद्रास के लोग जितने काले होते हैं, यहां के लोग उसके अर्धांश भी काले नहीं। सिंगापुर में एक बढ़िया अजायबघर भी है...’’
‘‘इसके बाद हांककांग है। यहां चीनी लोग इतनी अधिक संख्या में हैं कि यह भ्रम हो जाता है कि हम चीन ही पहुंच गये हैं। ऐसा लगता है कि सभी श्रम, व्यापार आदि इन्हीं के हाथों में है। और हांगकांग तो वास्तव में चीन ही है। ज्योंहि
उसके साथ किस फल की तुलना हो सकती है? यद्यपि वह स्थान भूमध्य रेखा से बहुत निकट है, फिर भी मद्रास के लोग जितने काले होते हैं, यहां के लोग उसके अर्धांश भी काले नहीं। सिंगापुर में एक बढ़िया अजायबघर भी है...’’
‘‘इसके बाद हांककांग है। यहां चीनी लोग इतनी अधिक संख्या में हैं कि यह भ्रम हो जाता है कि हम चीन ही पहुंच गये हैं। ऐसा लगता है कि सभी श्रम, व्यापार आदि इन्हीं के हाथों में है। और हांगकांग तो वास्तव में चीन ही है। ज्योंहि