जो अपने को फुलाकर बैल बना लेना चाहता था, निस्सन्देह वैराग्य का सर्वश्रेष्ठ सिद्घान्त चरितार्थ कर दिया।'
युक्राइटीज-'निसियास, तुम मसखरापन करते हो। इसके सिवा तुम्हें और कुछ नहीं आता। लेकिन जैसा तुम कहते हो वही सही। अगर वह बैल जिसको तुमने उल्लेख किया है वास्तव में एपिस* की भांति देवता है या उस पाताललोक के बैल के सदृश है जिसके मन्दिर** के अध्यक्ष को हम यहां बैठे हुए देख रहे हैं। और उस मेक ने सद्पररेणा से अपने को उस बैल के समतुल्य बना लिया,
जो अपने को फुलाकर बैल बना लेना चाहता था, निस्सन्देह वैराग्य का सर्वश्रेष्ठ सिद्घान्त चरितार्थ कर दिया।'
युक्राइटीज-'निसियास, तुम मसखरापन करते हो। इसके सिवा तुम्हें और कुछ नहीं आता। लेकिन जैसा तुम कहते हो वही सही। अगर वह बैल जिसको तुमने उल्लेख किया है वास्तव में एपिस* की भांति देवता है या उस पाताललोक के बैल के सदृश है जिसके मन्दिर** के अध्यक्ष को हम यहां बैठे हुए देख रहे हैं। और उस मेक ने सद्पररेणा से अपने को उस बैल के समतुल्य बना लिया,