वस्त्र और अन्यान्य वस्तुएं प्राप्त हुई जिन्हें शिवाजी ने तुरन्त पूना और रामगढ़ भिजवा दिया। शिवाजी स्वयं ऐसे मार्ग से, जिन पर बहुत आदमी नहीं चलते थे, चल कर अहमदनगर पहंुचा और उसे लूटना शुरू कर दिया। इन्होंने बहुत घोड़े खरीदे और सवारों को नौकर रखा। मानकजी को, जो उनके पिता का विश्वासपात्र नौकर था फौज का अफसर बना दिया और एक अन्य लोकप्रिय मरहठा शिरोमणि नेताजी पालकर को भी अपने साथ ले लिया। शिवाजी उस महती शक्ति के विरूद्व भाग्य
वस्त्र और अन्यान्य वस्तुएं प्राप्त हुई जिन्हें शिवाजी ने तुरन्त पूना और रामगढ़ भिजवा दिया। शिवाजी स्वयं ऐसे मार्ग से, जिन पर बहुत आदमी नहीं चलते थे, चल कर अहमदनगर पहंुचा और उसे लूटना शुरू कर दिया। इन्होंने बहुत घोड़े खरीदे और सवारों को नौकर रखा। मानकजी को, जो उनके पिता का विश्वासपात्र नौकर था फौज का अफसर बना दिया और एक अन्य लोकप्रिय मरहठा शिरोमणि नेताजी पालकर को भी अपने साथ ले लिया। शिवाजी उस महती शक्ति के विरूद्व भाग्य