यह पहला अवसर था कि जहां उन्होंने एक धार्मिक पुजारी को कष्ट दिया।
हम आगे चलकर मुसलमान इतिहासकारों की साक्षी से यह बात सिद्व करेंगे कि शिवाजी धार्मिक स्थानों को कितना पवित्र समझते थे। परन्तु तब भी शिवाजी के इस प्रकार के कामों से मुग़लों को बड़ा क्रोध पैदा हो गया और चारों ओर से मुग़ल सेना ने शिवाजी को घेर लियां शिवाजी का एक अफसर ’सैंदूजी’ मारा गया और सेना में खलबली मच गई परन्तु समय पड़ने पर धैर्य रखना शिवाजी ही जैसे वीर का काम था।
यह पहला अवसर था कि जहां उन्होंने एक धार्मिक पुजारी को कष्ट दिया।
हम आगे चलकर मुसलमान इतिहासकारों की साक्षी से यह बात सिद्व करेंगे कि शिवाजी धार्मिक स्थानों को कितना पवित्र समझते थे। परन्तु तब भी शिवाजी के इस प्रकार के कामों से मुग़लों को बड़ा क्रोध पैदा हो गया और चारों ओर से मुग़ल सेना ने शिवाजी को घेर लियां शिवाजी का एक अफसर ’सैंदूजी’ मारा गया और सेना में खलबली मच गई परन्तु समय पड़ने पर धैर्य रखना शिवाजी ही जैसे वीर का काम था।