सिख-नेटिवों सहित आ गया तब चिनहट की लड़ाई समाप्त हुई।
परंतु उसका परिणाम अभी भी समाप्त नहीं हुआ था। अब रेजिडेंसी और मच्र्छा भवन इन दोनों स्थानों पर विद्रोहियों के शह दिए जाने से सर हेनरी ने मच्छी भवन भी छोड़ देने का निश्चय किया। उसमें संग्रह किए गए भरपूर गोला-बारूद के सााि वहां का शस्त्रागार आग लगाकर जला दिया गया। सारे अंगे्रज अब रेजिडेंसी में ही आ गए। रेजिडेंसी में सर हेनरी ने बहुत बढ़िया तैयारी, रसद,
सिख-नेटिवों सहित आ गया तब चिनहट की लड़ाई समाप्त हुई।
परंतु उसका परिणाम अभी भी समाप्त नहीं हुआ था। अब रेजिडेंसी और मच्र्छा भवन इन दोनों स्थानों पर विद्रोहियों के शह दिए जाने से सर हेनरी ने मच्छी भवन भी छोड़ देने का निश्चय किया। उसमें संग्रह किए गए भरपूर गोला-बारूद के सााि वहां का शस्त्रागार आग लगाकर जला दिया गया। सारे अंगे्रज अब रेजिडेंसी में ही आ गए। रेजिडेंसी में सर हेनरी ने बहुत बढ़िया तैयारी, रसद,