था और ऐसे दृढ़ निश्चयी लोगों के आग्रह के अनुसार 20 जुलाई को रेसीडेंसी में बंद अंगे्रजों पर पहला भारी हमला करने की योजना बनी। 20 जुलाई को प्रातःकाल अंगे्रजी पर दागी जा रही विद्रोहियों की तोपें पूरी तरह बंद हो गई। सुबह आठ बजे के आसपास अंगे्रजी रेसीडेंसी के पास विद्रोहियों द्वारा लगाई बारूद धमाके से फूटते ही विद्रोहियों की सेना हमला करने के लिए जोर से उछली। उसी समय उनकी तोपों पर भिन्न-भिन्न दिशाओं से विद्रोहियों
था और ऐसे दृढ़ निश्चयी लोगों के आग्रह के अनुसार 20 जुलाई को रेसीडेंसी में बंद अंगे्रजों पर पहला भारी हमला करने की योजना बनी। 20 जुलाई को प्रातःकाल अंगे्रजी पर दागी जा रही विद्रोहियों की तोपें पूरी तरह बंद हो गई। सुबह आठ बजे के आसपास अंगे्रजी रेसीडेंसी के पास विद्रोहियों द्वारा लगाई बारूद धमाके से फूटते ही विद्रोहियों की सेना हमला करने के लिए जोर से उछली। उसी समय उनकी तोपों पर भिन्न-भिन्न दिशाओं से विद्रोहियों