सेना हटाकर उसके स्थान पर कंपनी की सेना रखे। इस सेना का खर्च उठाने की शक्ति नवाब के खजाने में नहीं है, यह अंग्रेज अच्छी तरह से जानत थे; बल्कि यह जानकारी थी, इसीलिए उन्होंने यह मांग की थी। नवाब के पास खजाना नहीं था, किंतु प्रदेश था, अंत में उसमें से एक उपजाऊ टुकड़ा तोड़कर नवाब ने अंगे्रजों को दिया और नाहीं-नाहीं कहते भी नवाब के सिर यह संक्षक सेना बैठ ही गई। इस सन् 1801 के समझौते की तीसरी धारा का अर्थ था-‘‘नवाब
सेना हटाकर उसके स्थान पर कंपनी की सेना रखे। इस सेना का खर्च उठाने की शक्ति नवाब के खजाने में नहीं है, यह अंग्रेज अच्छी तरह से जानत थे; बल्कि यह जानकारी थी, इसीलिए उन्होंने यह मांग की थी। नवाब के पास खजाना नहीं था, किंतु प्रदेश था, अंत में उसमें से एक उपजाऊ टुकड़ा तोड़कर नवाब ने अंगे्रजों को दिया और नाहीं-नाहीं कहते भी नवाब के सिर यह संक्षक सेना बैठ ही गई। इस सन् 1801 के समझौते की तीसरी धारा का अर्थ था-‘‘नवाब