को ऐसे ही चार अटल सिपाही बहादूर बलपूर्वक लेफ्टिनेंट मेशम के तंबू में घुसे और बोले, ‘‘आपसे यद्यपि हमारा कोई व्यक्तिगत द्वेष नहीं हैं, फिर भी चूंकि आप फिरंगी हैं, इसलिए आपको मरना होगा।’’
राक्षस रूप में आए उन सिपाहियों को देखते ही भयभीत हुआ वह लेफ्टिनेंट उनसे घिघियाकर कहने लगा, ‘‘आप चाहें तो मुझे एक क्षण में मार सकते हैं, पंरतु मुझ गरीब को मारने से आपको क्या मिलेगा? दूसरा कोई आएगा और मेरा काम करने लगेगा।
को ऐसे ही चार अटल सिपाही बहादूर बलपूर्वक लेफ्टिनेंट मेशम के तंबू में घुसे और बोले, ‘‘आपसे यद्यपि हमारा कोई व्यक्तिगत द्वेष नहीं हैं, फिर भी चूंकि आप फिरंगी हैं, इसलिए आपको मरना होगा।’’
राक्षस रूप में आए उन सिपाहियों को देखते ही भयभीत हुआ वह लेफ्टिनेंट उनसे घिघियाकर कहने लगा, ‘‘आप चाहें तो मुझे एक क्षण में मार सकते हैं, पंरतु मुझ गरीब को मारने से आपको क्या मिलेगा? दूसरा कोई आएगा और मेरा काम करने लगेगा।