क्या कभी नदी का वेग बढ़ता है? जो वस्तु जितनी नई होगी, जितनी अच्छी होगी, वह वस्तु पहले-पहल उतनी ही बाधा पायेगी। बाधा ही तो सिद्वि का पूर्ण लक्षण है। जहां बाधा नहीं, वहां सिद्वि नहीं।’’
-विवेकानन्द
स्वामी विवेकानन्द मद्रास से अमेरिका गए थे। जाने से पहले उन्हांेने वहां की साहित्य-समिति-ट्रिप्लिकेन के सदस्यों के सााि अनेक विषयों पर चर्चा की थी। ये सदस्य उनके विचारों से बहुत प्रभावित हुए थे और अन्त में इन सज्जनों के विशेष
क्या कभी नदी का वेग बढ़ता है? जो वस्तु जितनी नई होगी, जितनी अच्छी होगी, वह वस्तु पहले-पहल उतनी ही बाधा पायेगी। बाधा ही तो सिद्वि का पूर्ण लक्षण है। जहां बाधा नहीं, वहां सिद्वि नहीं।’’
-विवेकानन्द
स्वामी विवेकानन्द मद्रास से अमेरिका गए थे। जाने से पहले उन्हांेने वहां की साहित्य-समिति-ट्रिप्लिकेन के सदस्यों के सााि अनेक विषयों पर चर्चा की थी। ये सदस्य उनके विचारों से बहुत प्रभावित हुए थे और अन्त में इन सज्जनों के विशेष