है ताकि इस बात का पता लगाया जा सके कि ये सिद्वान्त, नीतियां, योजनाएं अथवा उपाय प्रत्याशित सफलता प्राप्त कर सकेंगे अथवा नहीं। आमतौर पर इनमें से जो सफल हो जाते हैं, वे सही होते हैं और जो असफल हो जाते हैं, वे गलत होते हैं, तथा यह बात प्रकृति के खिलाफ मनुष्य के संघर्ष के बारे में सच साबित होती है। कभी-कभी आगे बढ़े हुए वर्ग का प्रतिनिधित्व करने वाली शक्तियों को पराजय का मुंह देखना पड़ता है, इसलिए नहीं कि उनके विचार गलत हैं बल्कि
है ताकि इस बात का पता लगाया जा सके कि ये सिद्वान्त, नीतियां, योजनाएं अथवा उपाय प्रत्याशित सफलता प्राप्त कर सकेंगे अथवा नहीं। आमतौर पर इनमें से जो सफल हो जाते हैं, वे सही होते हैं और जो असफल हो जाते हैं, वे गलत होते हैं, तथा यह बात प्रकृति के खिलाफ मनुष्य के संघर्ष के बारे में सच साबित होती है। कभी-कभी आगे बढ़े हुए वर्ग का प्रतिनिधित्व करने वाली शक्तियों को पराजय का मुंह देखना पड़ता है, इसलिए नहीं कि उनके विचार गलत हैं बल्कि