आकर एक बड़ी चिट्ठी लिखी। कुतुबशाह को यह बात बड़ी बुरी लगी। उसने तुरन्त अमीन को कैद कर लिया और मीरजुमला की समस्त सम्पत्ति जब्प कर ली। बस फिर क्या था, औरंगजेब को मनमाना अवसर मिल गया और उसने तत्काल लड़ाई की ठान ली। औरंगजेब की लड़ाई में कुछ काम धोखेबाजी से लिया जाता था। इस अवसर पर भी उसने अपने बड़े बेटे मुहम्मद को बहुत सेना देकर गोलकुण्डा की तरफ रवाना किया किन्तु कुतुबशाह को यह सूचना दी कि ’शाहजादा’ शादी करने के लिए अपने चचा बंगाल
आकर एक बड़ी चिट्ठी लिखी। कुतुबशाह को यह बात बड़ी बुरी लगी। उसने तुरन्त अमीन को कैद कर लिया और मीरजुमला की समस्त सम्पत्ति जब्प कर ली। बस फिर क्या था, औरंगजेब को मनमाना अवसर मिल गया और उसने तत्काल लड़ाई की ठान ली। औरंगजेब की लड़ाई में कुछ काम धोखेबाजी से लिया जाता था। इस अवसर पर भी उसने अपने बड़े बेटे मुहम्मद को बहुत सेना देकर गोलकुण्डा की तरफ रवाना किया किन्तु कुतुबशाह को यह सूचना दी कि ’शाहजादा’ शादी करने के लिए अपने चचा बंगाल