आपने यह प्रसिद्व कर दिया कि हम शाही सेना पर आक्रमण करेंगे और अगले दिन झट अपने समुद्री बेड़े में (जिसमें 85 छोटी छोटी नावें और तीन बड़़े जहाज थे) सवार होकर ’वार्सलीवर’ नगर में आ पहुंचे जो
76 छत्रपति शिवाजी
’गोवा’ से मील दूरी पर था और लूट मार के बाद 4000 मनुष्यों को साथ लेकर किनारे से बहुत दूर जा निकले। अब शत्रुओं को ज्ञात हुआ कि शिवाजी अपनी राजधानी में नहीं हैं। फिर क्या था, इधर उधर तलाश होने लगी। अभी दुश्मन पता भी न
आपने यह प्रसिद्व कर दिया कि हम शाही सेना पर आक्रमण करेंगे और अगले दिन झट अपने समुद्री बेड़े में (जिसमें 85 छोटी छोटी नावें और तीन बड़़े जहाज थे) सवार होकर ’वार्सलीवर’ नगर में आ पहुंचे जो
76 छत्रपति शिवाजी
’गोवा’ से मील दूरी पर था और लूट मार के बाद 4000 मनुष्यों को साथ लेकर किनारे से बहुत दूर जा निकले। अब शत्रुओं को ज्ञात हुआ कि शिवाजी अपनी राजधानी में नहीं हैं। फिर क्या था, इधर उधर तलाश होने लगी। अभी दुश्मन पता भी न