महाराणा प्रताप को जैसी पराजय मिली वैसी परमात्मा किसी को न दे। आज
विज्ञप्ति 17
कौन ऐसा हिन्दू है जो राणा प्रताप पर गर्व न करता हो? महाराणा सांगा का दुर्भाग्य था कि अपने ही एक सेनापति के कपटाचरण के कारण उन्हें पराजित होना पड़ा। अन्यथा मुसलमानी राज्य की इतिश्री तो तभी हो गई होती। दैवी विधान में किसी का वश नहीं चलता। यह सत्य है कि महाराणा सांगा की पराजय ने दिल्ली के हिन्दू धर्म में कुछ ऐसे परिवर्तन किये जिनके फलस्वरूप
महाराणा प्रताप को जैसी पराजय मिली वैसी परमात्मा किसी को न दे। आज
विज्ञप्ति 17
कौन ऐसा हिन्दू है जो राणा प्रताप पर गर्व न करता हो? महाराणा सांगा का दुर्भाग्य था कि अपने ही एक सेनापति के कपटाचरण के कारण उन्हें पराजित होना पड़ा। अन्यथा मुसलमानी राज्य की इतिश्री तो तभी हो गई होती। दैवी विधान में किसी का वश नहीं चलता। यह सत्य है कि महाराणा सांगा की पराजय ने दिल्ली के हिन्दू धर्म में कुछ ऐसे परिवर्तन किये जिनके फलस्वरूप